जब अपने भक्त की पुकार पर एकाकार हुए राधा-कृष्ण

वृंदावन में श्री कृष्ण (बाँकेबिहारी जी) मंदिर में बिहारी जी की प्रतिमा का रंग काला है। इस प्रतिमा के बारे में यह प्रचलित है कि इस मंदिर में स्थित मूर्ती…

जब त्रिपुरारी ने खंडित किया देवराज का अहंकार

देवताओं के राजा देवराज इंद्र को वर्षा के देवता माना जाता है| वेदों के अनुसार देवताओं के राजा इंद्र बड़े ही अभिमानि स्वभाव के हैं उन्हें समय समय पर अपने…

गुरुभक्त एवं सर्वश्रेष्ठ धनुर्धर : एकलव्य

महाभारत काल से आज तक सबसे अच्छा और सफल धनुर्धारी अर्जुन को माना जाता है परन्तु जहाँ बात गुरु-भक्ति की आती है तो एकलव्य का नाम सबसे पहले आता है|…

क्यों किया बर्बरीक ने अपने बाणों से पीपल के पत्तों में छेद

क्या आपको कभी सुनने को मिला है बर्बरीक के बारे में कि वह कौन था और उसकी   प्रचलित कथा क्या है? तो आइए जानते है इस प्रश्न का उत्तर| बर्बरीक, जिसे महाभारत में एक महान…

हिन्दू धर्म में मूर्ति-पूजा का महत्व

अक्सर बालपन से ही हमें मंदिर जाना सिखाया जाता है| वहां जाना एवं पूजा-आरती करने की सीख हमेशा से हमें दी जाती है| और हमारा ऐसे लोगों से भी मिलाप होता…

स्वाहा- जिसके बिना कोई भी हवन सफल नहीं

हमने अक्सर देखा है की किसी भी शुभ कार्य पर हवन या यज्ञ किया जाता है| हवन के दौरान जितनी बार आहुति डलती है उतनी बार स्वाहा का उच्चारण होता…

क्या अर्जुन और श्री कृष्ण के बीच भी युद्ध हुआ था?

युद्ध में जो कृष्ण अर्जुन के सारथि बन कर उसके साथ हमेशा खड़े हुए, क्या उन्ही श्रीकृष्ण ने अपने प्रिय अर्जुन के साथ युद्ध किया था? जिस अर्जुन ने श्रीकृष्ण…

आखिर ऐसा क्या हुआ की श्री कृष्ण को करना पड़ा अपने ही हाथों पर कर्ण का अंतिम संस्कार

महाभारत के मुख्य पात्रों में से एक है कर्ण, जो की महाभारत के युद्ध में अपने भाईओं के विरुद्ध लड़ा था| कर्ण की माँ कुंती और पिता सूर्य थे, परन्तु उनका…

जानिए कलंकित चतुर्थी के बारे में

भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि को एक तरफ गणेश जी का जन्मदिन बड़ी धूम-धाम से मनाया जाता है तो दूसरी तरफ इसे कलंकित चतुर्थी भी कहा जाता…

क्या आप जानते है रेवती का विवाह बलराम जी के साथ कैसे हुआ

मान्यता अनुसार सतयुग में महाराज रैवतक पृथ्वी सम्राट थे जिनकी एक पुत्री थी राजकुमारी रेवती, जिसे उसके पिता ने हर प्रकार की शिक्षा प्राप्त कराई थी| रेवती के जवान होने पर…

इस झील में सोना-चाँदी चढ़ाने से होती हैं मन्नतें पूरी

वैसे तो धन-सम्पत्ति, सोना-चाँदी कई मंदिरों और तीर्थ स्थानों में चढ़ाया जाता है लेकिन एक ऐसी झील है जहाँ बाबा कमरुनाग सोना-चाँदी चढ़ाने पर करते हैं लोगों की मन्नतें पूरी| आइए जानते हैं…

महाभारत में धर्म और अधर्म की लड़ाई के लिए कुरुक्षेत्र की भूमि को ही क्यों चुना गया?

जब दुनिया का प्रथम विश्वयुद्ध महाभारत होने का निश्चय हुआ तो उसके लिए जमीन की खोज जारी की गई और यह जिम्मेदारी श्री कृष्ण जी की थी कि वे ऐसी…