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कहानियाँ

हमारे जीवन में काले बिंदु का स्थान बहुत छोटा है

एक विद्यालय में एक बहुत ही समझदार और सुलझे हुए अध्यापक पढ़ाते थे। उन्हें जीवन का बहुत अनुभव था। एक बार उन्होंने अपने विद्यार्थियों की परीक्षा लेने का निश्चय किया। इसी उद्देश्य से उन्हने कक्षा में पहुँच कर सभी विद्यार्थियों को प्रश्न पत्र दिए, जिसमें बहुत सारे प्रश्न लिखे हुए थे।...

कुछ लोग मुसीबत को देखकर घबरा जाते हैं – महात्मा बुद्ध की कहानी

एक समय की बात है, महात्मा बुद्ध बोद्ध धर्म के प्रचार के लिए विश्व भर में भ्रमण कर रहे थे। बोद्ध धर्म का प्रचार करते हुए वह अपने शिष्यों के साथ एक गाँव में पहुंचे। गाँव में घूमते हुए उन्हें काफी देर हो गयी। इतना घुमने के बाद महात्मा बुद्ध...

A Collection of 7 stories of Lord Krishna

Lord Krishna and Arishthasura One day, a massive bull came to Vrindavan and started attacking the people. Nobody knew where it came from, and everyone started running helter-skelter to save their lives. They then came to Krishna to ask for his help. When Krishna came face to face with the bull,...

राधा कृष्ण से जुड़ी होली की कथा

होली को रंगों का त्योहार कहा जाता है। यह फाल्गुन मास की पूर्णिमा को मनाया जाता है। इस दिन लोग भेदभाव छोड़कर एक दूसरे को रंग लगाते हैं। ब्रज में होली का त्योहार करीब एक हफ्ते तक चलता है और रंगपंचमी पर खत्म होता है। हम सभी जानते हैं...

मौनी अमावस्या की पौराणिक कथा

पुराणों के अनुसार कांचीपुरी में एक ब्राह्मण रहता था। उसका नाम देवस्वामी तथा उसकी पत्नी का नाम धनवती था। उनके सात पुत्र तथा एक पुत्री थी। पुत्री का नाम गुणवती था। ब्राह्मण ने सातों पुत्रों को विवाह करके बेटी के लिए वर खोजने अपने सबसे बड़े पुत्र को भेजा। उसी...

कल करे सो आज कर – कैसे एक गुरु ने अपने शिष्य को यह...

बहुत समय पहले की बात है। एक गाँव मे एक आलसी व्यक्ति रहता था। वह काम करने में बहुत आलस्य दिखाता था। परन्तु वह अपने गुरु का बहुत सम्मान करता था। वह गुरु भी अपने शिष्य से बहुत स्नेह करते थे। परन्तु वह अपने शिष्य की आज के काम को कल...

हमारी सोच हमें दुखी करती है – एक प्रेरणादायक कहानी

एक किसान का घर अपने गाँव से बहुत दूर था। वह किसान बहुत अमीर था। उसके घर में किसी प्रकार की कोई कमी नही थी। जीवन में सब कुछ होने के बाद भी वह एक बात से दुखी था। उसका घर गाँव से दूर होने की वजह से उसे लगता...

हमेशा खुश रहने का राज़ क्या है? सरल परन्तु महत्वपुर्ण

बहुत समय पहले की बात है, एक गाँव में एक ऋषि रहते थे। उनके पास हर मुसीबत तथा परेशानी का हल होता था। इसलिए लोग उन्हें बहुत मानते थे। एक दिन एक व्यक्ति ऋषि के पास आया और उनसे पूछने लगा कि हे ऋषिवर! हमेशा खुश रहने का राज़...

भगवान श्री राम ने क्यों दिया था अपने ही भाई लक्ष्मण जी को मृत्यु...

क्या आप रामायण के इस प्रसंग के बारे में जानते हैं जब श्री राम को न चाहते हुए भी जान से प्यारे अपने अनुज लक्ष्मण को मृत्युदंड देना पड़ा। आइए जानते हैं कि ऐसा क्या हुआ जो श्री राम ने लक्ष्मण जी को मृत्यु दंड दिया। रामायण में बताया गया है कि...

हम जो देखना चाहते हैं, हमे केवल वही दिखाई देता है

एक बार गुरु द्रोणाचार्य ने दुर्योधन और युद्धिष्ठिर की परीक्षा लेने के बारे में सोचा। उन्होंने उन दोनों से राज्य का भ्रमण कर के आने को कहा। उन्होंने युद्धिष्ठिर से कहा कि जाओ और पता लगाकर आओ की राजधानी में दुर्जन पुरुष कितने हैं? दूसरी और उन्होंने दुर्योधन को भी आदेश दिया कि वह जानकारी लेकर आये कि...

लक्ष्मण को क्यों लेनी पड़ी थी जल समाधि

रामायण के अनुसार भगवान श्री राम से जुडी कई ऐसी कथाएं है जिनके बारे में आज भी बहुत ही कम लोगों को पता है| शायद ही आपको पता हो की लक्ष्मण शेषनाग के अवतार थे और उनकी मृत्यु कैसे हुई थी| दरअसल भगवान् राम अपने वनवास की अवधी पूरी...

आखिर क्या था श्री राम के वनवास जाने के पीछे का रहष्य

रामायण में श्री राम, लक्ष्मण एवं सीता को चौदह वर्षों का वनवास भोगना पड़ा था और इसका कारण राम की सौतेली माता कैकयी को माना जाता है| लेकिन आखिर ऐसा क्या कारण था की महाराजा दशरथ को देवी कैकई की अनुचित मांग माननी पड़ी थी| आइये जानते है उस कथा...

भक्ति से प्रसन्न हनुमान जी ने प्रकट होकर पूरी की थी मनोकामना – सालासर...

चूरू. राजस्थान के चूरू जिले में राम के प्रिय भक्त और ज्ञानियों में अग्रगण्य हनुमानजी का सिद्ध मंदिर जो सालासर बालाजी के नाम प्रसिद्ध हैं। देश के बेहद चमत्कारिक मंदिरों में से एक सालासर बालाजी का धाम भी है, यहां देश ही नहीं दुनियाभर से भक्त हनुमानजी का आर्शीवाद...

भगवान् शिव ने ब्रम्हा जी का सर क्यों काटा और केतकी के फूल को...

भगवान् भोलेनाथ को कई वस्तुएं नहीं चढ़ाई जाती जैसे की लाल पुष्प शिवलिंग पर नहीं चढ़ाये जाते भगवान् शिव पर हमेशा ही सफ़ेद पुष्प अर्पित किये जाते हैं| पर केतकी के पुष्प सफ़ेद होने के बावजूद शिवलिंग पर अर्पित नहीं किया जाता| ऐसा माना जाता है की अगर गलती...

आखिर ऐसा क्या हुआ था की शनि देव को उनकी ही पत्नी ने दे...

शनि देव, सूर्य देव तथा देवी छाया के पुत्र हैं। शनि देव के कहर से हम सब डरते हैं। शनि देव के अशांत होने से हमारे जीवन में कष्ट आने आरम्भ हो जाते हैं। शनि को क्रूर दृष्टि का गृह माना जाता है। परन्तु उनकी क्रूर दृष्टि के पीछे...

देवी सीता की पायलों को देखकर क्यों रोने लगे श्री राम

श्री राम राजा दशरथ के पुत्र थे। उनका विवाह देवी सीता से हुआ। देवी सीता राजा जनक की पुत्री थी। इस बात से तो हम सब अवगत हैं कि श्री राम तथा देवी सीता रामायण के प्रमुख पात्र हैं। परन्तु उनके जीवन से जुड़े कुछ प्रसंग ऐसे हैं जिनके बारे में कुछ...