धर्म

Hinduism is the World’s most sacred and the oldest religion. Hinduism is a way of life and is often called as the eternal law beyond human origins. Hindu practices include rituals such as worship and recitations, meditation, family-oriented rites of passage, annual festivals, and pilgrimages. Every Hindu should follow honesty, ahimsa, patience, forbearance, self-restraint, compassion….

देवी सीता को भी उठाने पड़े थे हथियार

एक बार भगवान श्री राम अपनी राजसभा में विराजमान थे| उसी समय वहां विभीषण का आगमन हुआ| विभीषण बहुत चिंतित और भयभीत लग रहे थे| सभा में पहुँच कर उन्होंने श्री राम को प्रणाम किया और कहने लगे कि हे प्रभु, मेरी और लंका की प्रजा की रक्षा कीजिए| कुम्भकर्ण का...

श्री राम ने दिया था अपने भक्त हनुमान को यह वरदान

पवन पुत्र हनुमान जी भगवान श्री राम के बहुत बड़े भक्त हैं| हनुमान जी की तरह श्री राम को भी अपने भक्त हनुमान से बहुत लगाव था| रामायण में इस बात का उल्लेख मिलता है कि जब से हनुमान जी का प्रभु श्री राम से मिलाप हुआ| तब से हनुमान...

इन बातों का ध्यान रखने से रह सकते हैं आप संकटो से दूर

क्या आप जानते हैं कि यदि आप हिन्दू यम और नियम के अनुसार अपना जीवन यापन करते तो जिंदगी में संकट नहीं आ सकते हैं| उपनिषद और गीता का बार - बार अध्य्यन करने से तथा उसका सार समझने से  दिमाग में विरोधाभास और द्वंद नहीं होता| यदि आप हिन्दू वास्तु...

देवी पार्वती ने भगवान शिव से कहा की उन्हें चाहिए अपना खुद का महल

एक बार की बात है देवी पार्वती जी का मन हुआ कि उनके पास भी एक महल होना चाहिए| उन्हें महसूस हुआ कि सभी देव अपने महलों में रहते है तो देवों के देव महादेव को भी महल में रहना चाहिए| यह सोचकर देवी पार्वती महादेव से हठ करने...

श्री राम की एक बहन भी थी शांता

श्री राम के पिता दशरथ अयोध्या के राजा थे| महाराज दशरथ की तीन रानियां थी - कौशल्या, कैकयी और सुमित्रा| भगवान श्री राम कौशल्या माता के पुत्र थे| अयोध्या के राजा दशरथ के चार पुत्र थे - राम, लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न| परन्तु केवल कुछ लोग ही इस बात से अवगत...

क्यों हुआ पृथ्वी पर राधा जी का जन्म

राधा जी और श्री कृष्ण का प्रेम इतना गहरा था कि आज भी सब राधा जी को श्री कृष्ण की आत्मा कहकर पुकारते हैं| राधा जी का जन्म भाद्रपद महीने की शुक्लपक्ष की अष्टमी को हुआ था| जिस दिन राधा जी का जन्म हुआ, उस दिन को राधाष्टमी के नाम से जाना...

कौरवों के पैदा होने की कहानी

महाभारत का युद्ध पांडवो तथा कौरवों के मध्य हुआ था| पांडव पाण्डु के पुत्र थे और पांडव पांच भाई थे| पांडवो के जन्म की कथा से तो हम सब अवगत हैं| परन्तु बहुत कम लोग ऐसे हैं जिन्हे कौरवों के पैदा होने की कहानी के बारे में पता है| ज्यादातर...

क्यों देवी पार्वती ने दिया शिव, विष्णु, नारद और कार्तिकेय को श्राप

एक बार भगवान शिव , विष्णु, नारद और कार्तिकेय ने देवी पार्वती के साथ एक छल किया| इस छल से देवी पार्वती को बहुत आघात पहुंचा और उन्होंने इन सबको श्राप दे दिया| आइए जानते हैं कि देवी पार्वती के साथ ऐसा कौन सा छल हुआ जो वह सहन नहीं...

श्री कृष्ण के परम् मित्र सुदामा को निर्धन होने का श्राप कैसे मिला

सुदामा जी श्री कृष्ण के परम् मित्र थे| परन्तु फिर भी वे गरीबी में जीवन व्यतीत कर रहे थे| अध्यात्मिक दृष्टिकोण से तो सुदामा जी जैसा कोई अमीर नहीं था| परन्तु यदि हम भौतिक दृष्टि से देखें तो सुदामा जी बहुत निर्धन थे| सुदामा जी के निर्धन होने के पीछे एक श्राप...

संकटमोचन हनुमानाष्टक – हनुमान जी करेंगे मुक्त है कष्ट से

हनुमान जी को भगवान शिव का अवतार माना जाता है। हनुमान जी के भक्त उन्हें संकटमोचन कह कर भी पुकारते हैं। क्योंकि वे अपने भक्तों के सभी कष्ट हर लेते हैं और उन्हें हर संकट से बचा कर रखते हैं। संकटमोचन हनुमानाष्टक हनुमान जी का आठ दोहा मंत्र है। इस मंत्र...

जब देवी जगदम्बा के क्रोध को संभालने के लिए भक्त ने किया अपने शीश...

बहुत समय पहले की बात है भोजपुर जो की अभी के समय में गोपालगंज के नाम से जाना जाता है| वहां हथुआ नामक स्थान पर राजा मननसिंह का राज था मननसिंह वैसे तो बड़ा ही अच्छा शाशक था परन्तु उसके बारे में यह विख्यात था की वह स्वयं को...

इसलिए राधा का नाम लिया जाता है श्री कृष्ण से पहले – radha krishna...

जब भी श्री कृष्ण और राधा जी की बात होती है तो सबसे पहले राधा का नाम लिया जाता है| इनके भक्त इन्हे राधा कृष्ण कहकर पुकारते हैं| श्री कृष्ण से पहले राधा जी का नाम लेने के पीछे भी एक रहस्य है| इसका जिक्र स्वयं भगवान श्री कृष्‍ण ने...

मरते समय यह ज्ञान की बातें बताई थी बालि ने अपने पुत्र अंगद को

रामायण में जब रावण देवी सीता का अपहरण करके लंका ले गया तो श्री राम तथा लक्ष्मण जी देवी सीता को ढूंढते हुए हनुमान जी से मिले| हनुमान जी ने श्री राम को सुग्रीव से मिलाया| श्री राम से मित्रता होने के बाद सुग्रीव ने भी देवी सीता की खोज...

इंद्र देव की इन चालों से शकुनी की चाल हुई थी नाकामयाब

महाभारत में शकुनी मामा ने अपनी चतुराई से कई बार चौरस के खेल में पांडवो को हराया| जिसके परिणाम स्वरूप द्रोपदी का चीर हरण हुआ तथा पांडवो को पहले वनवास और फिर अज्ञातवास मिला| परन्तु देवराज इंद्र ने शकुनी की चालों को ऐसे जवाब दिया कि शकुनी चारो खाने च‌ित्त हो...

स्कन्दपुराणोक्त श्री श्याम देव खाटू श्याम जी कथा

प्रेमियों, कौन हैं श्याम बाबा? किस कुल में उत्पन्न हुए? क्यों कलयुग के प्रधान देव कहलाये? उन्हें मोरवीनंदन क्यों कहा जाता है? ऐसे कई जिज्ञाषा भरे प्रश्न श्यामबाबा खाटूवाले के विषय में श्यामभक्तो के मन में उभरते है... श्री मोरवीनंदन खाटूश्याम जी की शास्त्रसम्मत दिव्य कथा का वर्णन स्वयं...

ऐसा क्या हुआ कि देवी पार्वती निगल गयी भगवान शिव को

एक बार देवी पार्वती भगवान शिव के साथ कैलाश पर्वत पर बैठी हुई थी| भगवान शिव कुछ देर देवी पार्वती से वार्तालाप करने के बाद अपनी तपस्या में लीन हो गए| भगवान शिव के तपस्या में लीन होने के कुछ समय पश्चात देवी पार्वती को भूख लग गयी| भगवान शिव के...

गणेश जी की इन मूर्तियों से प्राप्त होती है रिद्धि-सिद्धि

शास्त्रों के अनुसार गणेश जी को प्रथम पूज्य देव कहा जाता है| हिन्दू धर्म में किसी भी शुभ कार्य को करने से पहले गणेश जी की पूजा की जाती है| माना जाता है कि गणेश जी के पूजन के साथ कार्य आरम्भ करने से बिना बाधा के कार्य में सफलता...

महाभारत युद्ध के आखिरी दिन ऐसा क्या हुआ जो अर्जुन के होश उड़ गए

महाभारत के युद्ध के समय श्री कृष्ण अर्जुन के रथ के सारथी थे| युद्ध के समय अर्जुन का बाण जैसे ही कर्ण की तरफ छूटता था, कर्ण का रथ कोसों दूर चला जाता था और जब कर्ण का बाण अर्जुन के रथ की तरफ छूटता था तो अर्जुन का रथ सात कदम...

कैसे बने मरदाना जी गुरु नानक देव जी के शिष्य

हम सभी जानते हैं कि मरदाना जी गुरु नानक देव जी के शिष्य थे| वह सदा गुरु नानक देव जी के साथ ही रहते थे| परन्तु क्या आप जानते हैं कि मरदाना जी गुरु नानक देव जी के शिष्य कैसे बने? आइए जानते हैं गुरु नानक देव जी के बचपन...

श्रीमद भागवद गीता के अनुसार ये स्थितियां हमेशा दुःख ही लेकर आती हैं

हमरा जीवन ऐसी अनेक परिस्थितियों का सामना करता है जो हमें दुःख या सुख देकर जाती हैं| इनमें से कुछ परिस्थितियां ऐसी होती हैं जिन्हे हम अपने हिसाब से नहीं बदल सकते हैं| परन्तु कुछ परिस्थितियों को बदलना हमारे हाथ में ही होता है| श्रीमद भागवद गीता के एकादश स्कंध में...

आखिर क्यों नहीं देखा शनि देव ने गणेश जी की तरफ

पौराणिक कथाओं के अनुसार जब गणेश जी का जन्म हुआ तो सभी देवी - देवता भगवान शिव तथा देवी पार्वती को बधाई देने कैलाश पर्वत पहुंचे| सभी देवताओं के साथ शनि देव भी कैलाश पर्वत पधारे| परन्तु शनि देव सबसे पीछे खड़े थे| शनि देव श्री कृष्ण के भक्त थे| अपनी...

विवाह की रस्मों में पीछे होते हैं कुछ वैज्ञानिक कारण

हिन्दू धर्म में विवाह के समय अनेक रस्में होती हैं| जैसे मेहँदी लगाना, हल्दी लगाना, मांग में सिंदूर भरना आदि| क्या आप जानते हैं कि इन रस्मों के पीछे वैज्ञानिक कारण छिपे हुए हैं| आइए जानते हैं इन रस्मों से जुड़े कुछ तथ्यों के बारे में| मेहंदी लगाना  मेहंदी में शरीर को...